फिल्म आर्टिकल 15: आयुष्मान खुराना की दमदार एक्टिंग समाज को सोचने पर कर देगी मजबूर

मूवी रिव्यू

बिना किसी भेदभाव के हर नागरिक को समता का अधिकार हमारे संविधान में दिया गया एक मूलभूत अधिकार है

आयुष्मान खुराना की फिल्म ‘आर्टिकल 15’ शुक्रवार को रिलीज हो गई है। इस फिल्म को लेकर फैन्स में काफी एक्साइटमेंट थी और अब जब कि फिल्म रिलीज हो गई है। बिना किसी भेदभाव के हर नागरिक को समता का अधिकार हमारे संविधान में दिया गया एक मूलभूत अधिकार है। इसी के इर्द-गिर्द घूमती है इस फिल्म की कहानी।फिल्म आर्टिकल 15: आयुष्मान खुराना की दमदार एक्टिंग समाज को सोचने पर कर देगी मजबूर

कहानी

अयान रंजन विदेश में पढ़कर अपने पिता के कहने पर आईपीएस ऑफिसर बनता है। उसकी पहली पोस्टिंग होती है उत्तर प्रदेश के एक छोटे से जिले में जहां पर जातिगत भेदभाव होता है। इसी बीच अयान के सामने एक गंभीर अपराध आता है। दरअसल, तीन रुपये ज्यादा दिहाड़ी मजदूरी की मांग करने पर लड़कियों का गैंगरेप कर मार दिया जाता है क्योंकि वो पिछड़ी जाति की होती हैं। आयुष्मान जातियों को लेकर होने वाले भेदभाव के खिलाफ लड़ते हैं और उस बीच क्या-क्या होता है इसके लिए आपको फिल्म देखनी होगी

रिव्यू

फिल्म में एक गंभीर सब्जेक्ट को अच्छे से दिखाया गया है। फिल्म को थ्रिलर अंदाज में प्रस्तुत किया है। फिल्म का हर सीन आपको बांधे रखता है। फर्स्ट हाफ थोड़ा लंबा खिंच गया। हालांकि पूरी फिल्म देखने के बाद आप छोटी-छोटी गलतियों को नजरअंदाज करेंगे। फिल्म का सब्जेक्ट जितना मजबूत है, उतने ही मजबूत फिल्म के सीन्स हैं।

एक्टिंग
आयुष्मान ने सीरियस पुलिस ऑफिसर का किरदार बखूबी निभाया है। उन्होंने एक बार फिर अपनी एक्टिंग से ये साबित कर दिया है कि वो हर किरदार में अपना कमाल दिखा देते हैं। फिल्म की बाकी कास्ट ईशा तलवार, मनोज पाहवा, कुमुद मिश्रा, मोहम्मद जीशान ने भी अच्छा काम किया है।

डायरेक्शन
इतने सेंसिटिव सब्जेक्ट पर फिल्म बनाना आसान नहीं था, लेकिन अनुभव सिन्हा ने ये कर दिखाया।

Sharing

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *